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Sunday, May 15, 2011

अल्लामा इक़बाल की शायरी और जीवन संदेश Art of living

अल्लामा इक़बाल की शायरी को मैं इसलिए पसंद करता हूँ कि उसमें निराशा के लिए कोई जगह नहीं है. 
अल्लामा के बाज़ शेर तो सोने से लिखे जाने के लायक हैं . ऐसा ही एक शेर यह भी है . 
अल्लामा इकबाल फ़रमाते हैं कि


बादे मुख़ालिफ़ से न घबरा ऐ उक़ाब

ये हवाएं तुझे ऊँचा उठाने के लिए हैं


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शब्दार्थ ,
बादे मुख़ालिफ़-विपरीत हवा , उक़ाब-बाज़, एक परिंदा

आदमी को विपरीत हालात में भी अपनी सकारात्मकता बनाए रखनी चाहिए ।
अगर आदमी ऐसा कर पाए तो वह देखेगा कि मुश्किल बीत जाने के बाद उसमें 'कुछ गुण और कुछ ख़ूबियाँ' ऐसी उभर आई हैं जो पहले दबी हुई थीं । यही ख़ूबियाँ आदमी को समाज में ऊँचा उठाती हैं और सम्मान दिलाती हैं ।
महापुरूषों का आदर हम उनके उन गुणों के कारण ही करते हैं जो कि मुश्किल हालात में उनके अंदर हम देखते हैं और प्रेरणा पाते हैं।
इस बात को ढंग से जान लेने के बाद निराशा , पलायन और आत्महत्या जैसे भाव और कर्म के लिए कोई गुंजाइश बाक़ी नहीं बचती ।
हमारे देश और हमारे समाज के लिए आज ऐसी सोच की शदीद ज़रूरत है ।

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इस शेर को एक और एंगल से भी हमने आज ही बयान किया है बल्कि सच यह है कि पहले वही लिखा था , इसे बाद में लिखा है .
आप देखिये इस लिंक पर 

Monday, May 2, 2011

...ज़रा सोचिये कि क्या आप वास्तव में 'मार्ग' पर हैं ? The Path

इंसान के जीवन का मकसद वही देगा जो जिसने उसे जीवन दिया. इंसान और अन्य जीवों को खाने की ज़रुरत है  तो हम देखते हैं कि भोजन हमारे लिए उपलब्ध है. हमें पीने की आवश्यकता है. और हमारे लिए पानी उपलब्ध है. हमें सांस लेने की ज़रुरत है, और हमारे लिए काफी वायु उपलब्ध है. लेकिन एक चीज़ हे जिसमें हम अन्य जीवों से भिन्न हैं. और वो है  हमारी सोचने की क्षमता, जवाबों की तलाश है. अब ज़ाहिर सी बात हे, अगर हमारी भौतिक आवश्यकताओं के लिए सब कुछ उपलब्ध हे, तो हमारी मानसिक और आध्यात्मिक ज़रूरतों के लिए भी कुछ उपलब्ध होना चाहिए. यही ज़रुरत वही के ज़रिये पूरी होती है.

इस सच को कहा है हमारे भाई मुशफिक ने इस पोस्ट पर

जीवन का एक मक़सद है, उसे पूरा कीजिए ताकि आपका जन्म सफल हो


Wednesday, April 27, 2011

अपनी बात रखने का एक तरीका यह भी है Usefull Knowledge

आज हमें एक कमेन्ट मिला 'अंत में भला किन लोगों का होता है ?'
 पर . इसमें काफी मालूमात भरी हैं . आप इसे देखिये . मैं इसे रिकॉर्ड के लिए यहाँ महफूज़ कर रहा हूँ .

अपनी बात रखने का एक तरीका यह भी तो है आप अपनी अच्‍छी बातें हमें पढवाओ, ऐसे


कुछ अकली तर्क- मुहम्‍मद सल्‍ल. के ईशदूत और संदेशवाहक होने की सत्यता पर 


पैगंबर की गैरमुस्लिमों पर दयालुता के कुछ उदाहरण 


हज़रत मुहम्मदके विषय में संक्षिप्त वर्णन Yusuf Estes


मुहम्मद सल्लल्लाहुअलैहि व सल्लम :जन्म और पालन-पोषण 


मुहम्मद-उन पर शांति एवं आशीर्वाद हो-की कुछ शिक्षाएं 


मुहम्मद-शांति हो उन के व्यवहार के विषय में कुछ शब्द: 


पैगंबर मुहम्मद ने क्या आदेश दिया ? Yusuf Estes


सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के बारे में गवाहियाँ comments


अल्‍लाह के पैग़म्बर के कुछ शिष्टाचार (आदाबे जि़न्‍दगी) 


मुहम्मद सल्ल. की -ईश्दूतत्व की पुष्टि करने वाले मूलग्रंथों से कुछ प्रमाण 


हज़रत पैग़म्बर सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की बीवियाँ 


मुहम्‍मद सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की जीवन के परिणाम